Sanskrit Shloka before Meals। भोजन से पहले संस्कृत श्लोक

Sanskrit Shloka before Meals। भोजन से पहले संस्कृत श्लोक


भोजन से पहले बोले जाने वाले संस्कृत श्लोक (Sanskrit sloka) (प्रार्थना) हमारे मन को शांत करते हैं और भोजन के प्रति कृतज्ञता सिखाते हैं। यहाँ कुछ प्रसिद्ध श्लोक दिए गए हैं:


🍽️ 1. ब्रह्मार्पणं मंत्र (Bhagavad Gita) :


Sanskrit Sloka:
ब्रह्मार्पणं ब्रह्म हविर्ब्रह्माग्नौ ब्रह्मणा हुतम्।
ब्रह्मैव तेन गन्तव्यं ब्रह्मकर्मसमाधिना॥

Transliteration:
Brahmārpaṇaṁ brahma havir brahmāgnau brahmaṇā hutam।
Brahmaiva tena gantavyaṁ brahma-karma-samādhinā॥

हिंदी अर्थ: यह अर्पण (भोजन) ब्रह्म है, यह हवन सामग्री ब्रह्म है, ब्रह्म अग्नि में ब्रह्म द्वारा अर्पित किया जाता है। इस प्रकार जो व्यक्ति कर्म को ब्रह्म मानकर करता है, वह ब्रह्म को प्राप्त होता है।

🍛 2. अन्नपूर्णा स्तुति :


Sanskrit Sloka:
अन्नपूर्णे सदापूर्णे शंकरप्राणवल्लभे।
ज्ञान वैराग्य सिद्ध्यर्थं भिक्षां देहि च पार्वति॥

Transliteration:
Annapūrṇe sadā pūrṇe śaṅkara prāṇa vallabhe।
Jñāna vairāgya siddhyarthaṁ bhikṣāṁ dehi ca Pārvatī॥

हिंदी अर्थ:
हे माता अन्नपूर्णा! जो सदैव पूर्ण रहती हैं और भगवान शंकर को प्रिय हैं, मुझे ज्ञान और वैराग्य की सिद्धि के लिए भिक्षा (भोजन) प्रदान करें।

🙏 3. सह नाववतु मंत्र (शांति मंत्र) :


Sanskrit Sloka:
ॐ सह नाववतु। सह नौ भुनक्तु।
सह वीर्यं करवावहै।
तेजस्वि नावधीतमस्तु मा विद्विषावहै॥
ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः॥

Transliteration:
Om saha nāvavatu, saha nau bhunaktu।
Saha vīryaṁ karavāvahai।
Tejasvi nāvadhītamastu mā vidviṣāvahai॥
Om śāntiḥ śāntiḥ śāntiḥ॥

हिंदी अर्थ: हे ईश्वर! हमें साथ में सुरक्षित रखें, हमें साथ में भोजन कराएं, हम साथ मिलकर शक्ति से कार्य करें, हमारा अध्ययन तेजस्वी हो और हम एक-दूसरे से द्वेष न करें।



🍚 4. अन्नदाता सुखी भव मंत्र:

Sanskrit Sloka:
अन्नदाता सुखी भवः।

Transliteration:
Annadātā sukhī bhavaḥ।

हिंदी अर्थ: जो हमें अन्न प्रदान करता है, वह सुखी रहे।


🌾 5. अन्न ग्रहण मंत्र :

Sanskrit Sloka:
ॐ प्राणाय स्वाहा।
ॐ अपानाय स्वाहा।
ॐ व्यानाय स्वाहा।
ॐ उदानाय स्वाहा।
ॐ समानाय स्वाहा॥

Transliteration:
Om prāṇāya svāhā,
Om apānāya svāhā,
Om vyānāya svāhā,
Om udānāya svāhā,
Om samānāya svāhā॥

हिंदी अर्थ: यह मंत्र शरीर के पाँच प्राणों को समर्पित है, जिससे भोजन पवित्र और ऊर्जा देने वाला बनता है।


🪔 6. कृतज्ञता प्रार्थना (सरल मंत्र) :


Sanskrit Sloka:
ॐ अन्नं ब्रह्म। रसो विष्णुः।
भोक्ता देवो महेश्वरः॥

Transliteration:
Om annam brahma, raso viṣṇuḥ।
Bhoktā devo maheśvaraḥ॥

हिंदी अर्थ: अन्न ब्रह्म है, उसका रस भगवान विष्णु हैं, और भोजन करने वाला स्वयं भगवान महेश्वर हैं।


🍴 7. लघु भोजन मंत्र (Short Meal Mantra) :


Sanskrit Sloka:
ॐ सह भोजनम्।

Transliteration:
Om saha bhojanam।

हिंदी अर्थ: हम सब मिलकर भोजन करें और आनंद प्राप्त करें।



🌿 8. भोजन शुद्धि मंत्र :


Sanskrit Sloka:
अमृतोपस्तरणमसि स्वाहा।

Transliteration:
Amṛtopastaraṇamasi svāhā।

हिंदी अर्थ: यह भोजन अमृत के समान पवित्र और शुभ हो।

ये सभी श्लोक हमें सिखाते हैं कि भोजन केवल शरीर के लिए नहीं, बल्कि आत्मिक ऊर्जा और कृतज्ञता का माध्यम भी है।
नियमित रूप से इन मंत्रों का उच्चारण करने से मन शांत, एकाग्र और सकारात्मक रहता है।











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